कल
फिर नया सवेरा होगा,
फिर नया
जोश होगा
मन का अंधियारा
छट जाएगा
नई उमंगो
का पेहरा होगा
फिर
से नई कुछ मंजिल होगी
राही
के पथ में मुश्किल होगी
फिर
से अल्प विराम लेना तुम
मुश्किलें
कुछ आसां होंगी
मुश्किलों
से ही शक्ति संचार होगा
नव
किरणों से दीदार होगा
फिर
से अल्प विराम लेना तुम
हर
शंका का समाधान होगा
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